मिर्जापुर, उत्तर प्रदेश। अरविन्द श्रीवास्तव । उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मियां तेज होने लगी हैं। इसी बीच पूर्व IAS अधिकारी दिव्या मित्तल के मिर्जापुर दौरे ने राजनीतिक चर्चाओं को हवा दे दी है। लहुरियादह गांव में ग्रामीणों ने फूल-मालाओं से उनका स्वागत किया और उनके समर्थन में नारे लगाए।

मध्य प्रदेश की सीमा से सटे पहाड़ी लहुरियादह गांव में दिव्या मित्तल का दौरा खास रहा। उनके जिलाधिकारी रहते गांव तक पीने का पानी पहुंचाने का काम हुआ था। ऐसे में ग्रामीणों के साथ उनकी मुलाकात पुराने अनुभवों और यादों से भी जुड़ी नजर आई।

दौरे के दौरान दिव्या मित्तल ग्रामीणों के बीच चौपाल में बैठीं और उनसे बातचीत की। इस दौरान एक भावुक पल भी देखने को मिला, जब वह अचानक एक बुजुर्ग महिला के गले लग गईं। इस मुलाकात का वीडियो सामने आया है, जो लोगों का ध्यान खींच रहा है।

दिव्या मित्तल ने जननीति भारत नाम से राजनीतिक पार्टी बनाने की घोषणा की है और उत्तर प्रदेश में 2027 का विधानसभा चुनाव अपने दम पर लड़ने की बात कही है। चर्चा है कि वह मिर्जापुर सदर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ सकती हैं। हालांकि, उनकी उम्मीदवारी की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।

मिर्जापुर सदर सीट से फिलहाल भाजपा के रत्नाकर मिश्रा विधायक हैं। ऐसे में अगर दिव्या मित्तल इस सीट से चुनाव मैदान में उतरती हैं, तो यहां का मुकाबला दिलचस्प हो सकता है।
इस बीच विधायक रत्नाकर मिश्रा के अस्पताल में फल बांटने के दृश्य भी सामने आए हैं। हालांकि, इस गतिविधि को दिव्या मित्तल के दौरे से जोड़कर देखने के लिए दोनों घटनाओं के बीच संबंध की पुष्टि जरूरी है।

अब सवाल यह है कि क्या दिव्या मित्तल का प्रशासनिक कार्यकाल और ग्रामीणों के बीच बना पुराना जुड़ाव 2027 की राजनीति में उनकी ताकत बन पाएगा? इसका जवाब आने वाला चुनावी दौर ही देगा।
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